क्या खेतड़ी (झुंझुनू) के महाराजा के बिना स्वामी विवेकानंद को दुनिया जान पाती? | Would the World Have Known Swami Vivekananda Without the Maharaja of Khetri (Jhunjhunu)
Photo: Swami Vivekananda and Maharaja Ajit Singh of Khetri पूरा विश्व आज स्वामी विवेकानंद के नाम से परिचित है। स्वामी विवेकानंद भारत के एक ऐसे युवा सन्यासी थे जिन्होंने हिंदू धर्म के विचारों को पूरी दुनिया में पहुंचाया। अमेरिका के शिकागो में हुए 'विश्व धर्म सम्मेलन' ( Parliament of the World's Religions ) में स्वामी विवेकानंद द्वारा जो व्याख्यान दिया गया था, उसने पूरी दुनिया को हिन्दू धर्म, भारतीय संस्कृति और सभ्यता से परिचित करवाया। पर क्या हम जानते हैं कि स्वामी विवेकानंद के जीवन और उनकी इन उपलब्धियों में राजस्थान के खेतड़ी (झुंझुनूं) के महाराजा अजीत सिंह का कितना बड़ा योगदान है? इस व्याख्यान के बाद स्वामी विवेकानंद भी पूरे विश्व में प्रसिद्ध हो गए। कौन थे खेतड़ी के महाराजा अजीत सिंह अजीत सिंह का जन्म सन् 1861 में झुंझुनू के अलसीसर में हुआ। सन् 1870 से लेकर 1901 तक उन्होंने खेतड़ी रियासत पर शासन किया। महाराजा अजीत सिंह कला एवं विज्ञान प्रेमी थे और खगोल विज्ञान का भी समझ रखते थे। स्वामी विवेकानंद को भी उन्होंने खगोल विज्ञान सिखाया था। वे बहुत ही काबिल शासक थे और उन्होंन...